केंद्र सरकार ने बजट में योजनाओं के क्रियान्वयन पर ज्यादा फोकस किया है, जिससे आम लोगों को इसका लाभ मिल सके और देश की विकास दर तेजी से आगे बढ़े। बजट में किए गए प्रावधानों से उत्तराखंड को हर क्षेत्र में फायदा मिलेगा। यह बात सेतु आयोग उत्तराखंड के उपाध्यक्ष राजशेखर जोशी ने कही।
उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट में एमएसएमई, कृषि उत्पादन बढ़ाने, पशुपालन, मत्स्य पालन, शहरीकरण, आयुष व मेडिकल टूरिज्म, कौशल विकास का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा उत्तराखंड समेत अन्य हिमालयी राज्यों में इकोलॉजिकली सस्टेनेबल माउंटेन ट्रैल्स विकसित की योजना है। इससे प्रदेश में साहसिक पर्यटन के लिए नए ट्रैकिंग रूट बनेंगे। यह स्थानीय लोगों के लिए रोजगार का माध्यम बनेगा। उत्तराखंड में सबसे अधिक छोटे व मध्यम उद्योग स्थापित हैं। 10 हजार के एमएसएमई ग्रोथ फंड से उद्योगों को वित्तीय प्रोत्साहन मिलेंगे। राज्य की 90 प्रतिशत आबादी कृषि, पशुपालन व्यवसाय पर निर्भर है।
बजट में कृषि उत्पादन बढ़ाने पर फोकस किया गया। राज्य में मछली पालन व्यवसाय स्वरोजगार के रूप में तेजी से आगे बढ़ रहा है। बजट में मछली उत्पादन का प्रावधान करने से उत्तराखंड को इसका लाभ मिलेगा। बजट में नए शहरों में अवस्थापना विकास और कौशल विकास पर प्रावधान से राज्य में बुनियादी ढांचे व युवाओं को रोजगार के लिए प्रशिक्षण मिलेगा। उत्तराखंड मेडिकल टूरिज्म का भी हब बन सकता है। केंद्र सरकार ने बजट में इसका प्रावधान किया है। इसका फायदा राज्य को मिलेगा।
इनकी भी थी उम्मीद
केंद्र सरकार के आम बजट से उत्तराखंड को खास उम्मीद थी। अगले साल होने जा रहे महाकुंभ के साथ ही प्रदेश में अवस्थापना विकास, जल विद्युत परियोजनाओं के व्यवहार्यता अंतर वित्तपोषण (वीजीएफ) योजना और छोटे उद्योगों के लिए बड़ी सौगात मिलने की उम्मीद के अनुसार, बजट नहीं हुआ।









