7 साल नौकरी करने के बाद दर दर भटक रहे है शिक्षा प्रेरक

जिला चम्पावत के लोहाघाट रामलीला मैदान में आज शिक्षा प्रेरकों के द्वारा बैठक की गई थी 2010 से 2017 तक असाक्षरों को साक्षर करने वाले शिoक्षा प्रेरकों को 2018 को हटा दिया गया जिनको मात्र 2000 रुपए प्रति माह मिलता था और कई और काम भी कराए गए थे बीएलओ आर्थिक जनगणना खाते खुलवाना उसके बाद सभी शिक्षा प्रेरकों को हटा दिया गया आज तक दर -दर भटक रहे प्रेरकों को किसी भी अधिकारी ने कोई आश्वासन नहीं दिया! आपको बता दें प्रेरकों का कहना है कि विधायक पूरन सिंह फर्त्याल और माननीय मुख्य मंत्री धामी जी ने हम लोगों को आश्वासन दिया है कि शिक्षा प्रेरकों का समायोजन जरूर करेंगे तभी बेरोजगार शिक्षा प्रेरकों ने बहुत ख़ुशी जताई है ,उनका कहना है कि 2017 से हम लोग बेरो़गारी से भटक रहे है आज हमे आसा है कि हमारी पीड़ा माननीय मुख्य मंत्री धामी जी ने और सांसद श्री पूरन सिंह फर्त्याल जी ने महसूस कर ली है देखना है कि 4साल तक बेरोजगार रहे शिक्षा प्रेरकों का समायोजन कब होगा ए आने वाला वक्त बताएगा

और पढ़े  देहरादून: राज्य आंदोलनकारी शहीदों को CM धामी ने दी श्रद्धांजलि, कहा-संघर्ष और बलिदान से बना है उत्तराखंड
  • Related Posts

    जाम से हाहाकार: नैनीताल की बिगाड़ी यातायात व्यवस्था, डायवर्ट रूट से ज्योलीकोट पहुंचे पर्यटकों ने दिया धरना

    तीन दिन की छुट्टी के चलते नैनीताल में उमड़ी पर्यटकों की भीड़ का असर ज्योलीकोट मार्ग पर भी देखने को मिला। रविवार को ज्योलीकोट में लंबा जाम लगने से पर्यटक…

    उत्तराखंड / चंपावत: युवाओं को सौगात, डॉक्टरों का स्टाइपेंड बढ़ा, कुक्कुट पालकों को दो करोड़ की सब्सिडी, जानें..

    राज्य गठन के करीब 26 साल बाद पहली बार चंपावत जिले के बनबसा में मंत्रिमंडल की बैठक हुई। कैबिनेट बैठक में 24 प्रस्ताव पर चर्चा हुई। चुनावी वर्ष में सरकार ने…