नैनीताल में आज हुई भारी बर्फबारी के बाद जनजीवन बुरी तरह से अस्त व्यस्त हो गया। दोपहर से ही अधिकांश इलाकों में बिजली नहीं आई। जिससे लोग ठंड में ठिठुरते रहे और घरों में दुबके रहे। नगर के सभी मार्गों भी फिसलन से गाड़ियां चलनी बंद हो गईं।
मौसम विभाग और जिला प्रशासन के अनुसार ये तो केवल ट्रेलर है। इससे अधिक बर्फबारी तीन की रात और चार फरवरी को होने की संभावना है। देर शाम बादलों की तेज गड़गड़ाहट ने लोगों को अक्टूबर की अतिवृष्टि की याद दिला दी। लोग मौसम के मिजाज को देखकर सहमे हुए हैं।
आज फिर भारी बर्फवारी संभव, रहें सतर्क : गर्ब्याल
नैनीताल। डीएम धीराज सिंह गर्ब्याल ने बताया कि मौसम विभाग ने नगर में पांच फीट तक बर्फ पड़ने की संभावना जताई है। उन्होंने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। कहा जितना संभव हो छतों से बर्फ हटाते रहें जिससे ज्यादा भार न पड़े। कोयले की अंगीठी जला कर न सोएं और गाड़ी लेकर घरों से न निकलें। गर्ब्याल ने कहा कि पाइप लाइनें जमने की संभावना है। इसलिए घर में पानी स्टोर रखें और अपने मोबाइल चार्ज रखें।
तीन कारक बढ़ा रहे बर्फ की संभावना
नैनीताल। उत्तराखंड राज्य के मौसम विभाग के निदेशक विक्रम सिंह ने बताया कि वर्तमान में राज्य में पश्चिमी विक्षोभ पूरी तरह सक्रिय है। कुमाऊं के पर्वतीय क्षेत्र में इसका असर ज्यादा है। उन्होंने बताया कि इसके अलावा बंगाल की खाड़ी से भी अत्यधिक नम हवाएं यहां पहुंच रही हैं और स्थानीय कारक भी वर्षा और बर्फ की संभावनाएं बढ़ा रहे हैं। विक्रम सिंह ने कहा कि खासकर नैनीताल और मुक्तेश्वर में पांच फीट तक भारी बर्फबारी हो सकती है। शासन और प्रशासन को इसकी जानकारी दी है। उन्होंने लोगों से सतर्क रहने को कहा है।
जलापूर्ति नहीं होगी बाधित : चौहान
नैनीताल। तीन फरवरी को बर्फबारी के बाद दोपहर से ही लगभग पूरे नगर की विद्युत आपूर्ति बाधित हो गई थी। जल संस्थान अपने पंपों से नगर में जलापूर्ति करता है जो बिजली न आने पर बाधित हो जाती है। फिलहाल संस्थान जनरेटर के माध्यम से नगर में पानी सप्लाई कर रहा है। जल संस्थान के अधिशासी अभियंता विनीत चौहान ने बताया कि चार फरवरी को भी बिजली नहीं भी आ पाई तो भी जनरेटर से जलापूर्ति की जाएगी।








