यूपी के सुल्तानपुर में कोर्ट में बयान दर्ज कराकर लौटते समय राहुल गांधी अयोध्या-प्रयागराज हाईवे के गुप्तारगंज स्थित रामचेत मोची की दुकान पर रुके। उन्होंने रामचेत के परिवार से बात की। उनके बेटे से परिवार का हाल जाना। इसके बाद लखनऊ के लिए निकल गए।
राहुल गांधी ने विधायक नगर चौराहा स्थित रामचेत मोची के बेटे राघव दुकान पर थे। राहुल गांधी करीब सात मिनट उनकी दुकान पर रुके। रामचेत की मौत पर श्रंद्धाजलि अर्पित की। बेटे राघव से कहा कि वह रामचेत की मृत्यु पर नहीं आ पाए। राघव की बिटिया श्रद्धा को अपनी गोदी में उठाया। उसे चाकलेट दी और दुलार किया। राघव को आश्वासन दिया कि जब भी जरूरत पड़ेगी वह उनकी मदद के लिए खड़े हैं।
बतातें चलें कि केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह पर आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले में कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शुक्रवार को सुल्तानपुर में एमपी-एमएलए कोर्ट में अपना बयान दर्ज कराया। उन्होंने अपने ऊपर लगे आरोपों को निराधार बताते हुए खुद को बेगुनाह बताया। कोर्ट ने मामले में सफाई साक्ष्य पेश करने के लिए अगली तारीख 9 मार्च निर्धारित की है।
करीब आधे घंटे तक कोर्ट कक्ष का दरवाजा बंद करके मानहानि मामले में धारा 313 के तहत बयान दर्ज करने की प्रक्रिया चली। इस दौरान अदालत परिसर में समर्थकों की भारी भीड़ जुटी रही। कोर्ट कक्ष से लेकर बाहर तक कड़ी सुरक्षा व्यवस्था लागू रही। भीड़ को नियंत्रित करने में सुरक्षाकर्मियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त सतर्कता बरती गई। अब मामले की अगली सुनवाई 9 मार्च को होगी। जब बचाव पक्ष की ओर से सफाई साक्ष्य प्रस्तुत किए जाएंगे।







