बिहार में ओला, उबर और रैपिडो जैसी ऐप आधारित कैब और बाइक टैक्सी सेवाओं को यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा से जुड़े नियमों का पालन करना होगा। परिवहन विभाग ने कंपनियों को निर्देश दिया है कि वे चालकों की समस्याओं के समाधान के लिए कॉल सपोर्ट, हिंदी और अंग्रेजी में चैटबॉट और अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराएं। निर्देशों का पालन नहीं करने वाली कंपनियों का लाइसेंस रद्द किया जा सकता है। ओला और उबर को कारण बताओ नोटिस जारी कर 30 अक्तूबर तक अनुपालन रिपोर्ट देने को कहा गया है।








