चार साल तक सेना में सेवाएं देने के बाद लौटने वाले अग्निवीरों को उत्तराखंड सरकार समूह-ग के वर्दीधारी पदों पर भर्ती में आरक्षण देगी। उन्हें लिखित परीक्षा व शारीरिक मानक परीक्षा में भी छूट दी जाएगी। वहीं, अब बहादुर बच्चों को सरकार बाल वीरता पुरस्कार देगी। जबकि आगामी विधानसभा सत्र का स्थान व तिथि तय करने के लिए मुख्यमंत्री अधिकृत किया गया।
प्रदेश के साहसी एवं बहादुर बच्चों को मुख्यमंत्री राज्य बाल वीरता पुरस्कार दिया जाएगा। इस योजना के तहत विपरीत परिस्थितियों में धैर्यपूर्वक कार्य करने, असाधारण साहस, पराक्रम, मानवीय संवेदना एवं वीरता का परिचय देने वाले बच्चों को सम्मानित किया जाएगा। योजना का उद्देश्य बहादुर बच्चों को प्रोत्साहित और अन्य को प्रेरित करना है।
गैरसैंण में विधानसभा सत्र कराने की तैयारी
कैबिनेट ने उत्तराखंड की पंचम विधानसभा के वर्ष 2026 के तृतीय सत्र को आहूत करने की मंजूरी दे दी है। विधानसभा सत्र की तिथि व स्थान निर्धारित करने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को अधिकृत किया गया है। बता दें कि सरकार ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में सत्र की तैयारी कर रही है। हालांकि इसकी औपचारिक घोषणा होना बाकी है।
उत्तराखंड में लागू होगा नया अग्निशमन कानून
कैबिनेट ने उत्तराखंड अग्निशमन एवं आपात सेवा विधेयक 2026 पर मुहर लगा दी। केंद्र के मॉडल फायर सर्विस बिल 2019 की तर्ज पर तैयार नया कानून अग्निशमन तंत्र को आधुनिक बनाएगा। विधानसभा से पास होकर ये कानून लागू होगा। इसके लागू होने से बुनियादी ढांचे और अग्निशमन उपकरणों के वित्तपोषण के लिए पहली बार भवन निर्माण, मानचित्र स्वीकृति पर फायर सेस लगेगा। बहुमंजिला इमारतों, व्यावसायिक परिसरों में ऑनलाइन फायर सेफ्टी सर्टिफिकेट और नियमित फायर सेफ्टी ऑडिट अनिवार्य होगा। फायर ब्रिगेड को केवल आग तक सीमित न रखकर हर प्रकार की प्राकृतिक व मानव-निर्मित आपदाओं के लिए सक्षम बनाया जाएगा।
ये भी हुए अहम फैसले
– श्री मदन मोहन मालवीय प्राच्य शोध संस्थान के विकास के लिए सोसायटी गठन को सैद्धांतिक अनुमोदन।
– उत्तराखंड निवेश और आधारिक संरचना विकास से संबंधित अधिनियम की अनुसूची में संशोधन को मंजूरी।
– द्वितीय उत्तराखंड जन विश्वास संशोधन विधेयक 2026 को विधानसभा में प्रस्तुत करने की मंजूरी।
– उत्तराखंड बाढ़ मैदान परिक्षेत्रण नियमावली 2026 को मंजूरी।
– संस्कृति विभाग में वित्तीय अधिकारों से संबंधित व्यवस्था में संशोधन को मंजूरी।
– स्वजल एवं राज्य जल एवं स्वच्छता मिशन के 215 पदों की निरंतरता को मंजूरी।
– हरिद्वार में किफायती आवासीय परियोजना के पहुंच मार्ग की चौड़ाई में शिथिलता को मंजूरी।
– ऊधमसिंह नगर में भू-उपयोग परिवर्तन संबंधी शासनादेश में खसरा संख्या की त्रुटि सुधार को मंजूरी।







