ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने वाशिंगटन के रुख पर कड़ा एतराज जताते हुए अमेरिका पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिकी सरकार 9/11 वर्ल्ड ट्रेड सेंटर हमलों की 25वीं बरसी का इस्तेमाल ईरान के खिलाफ एक ‘लापरवाह और गैर-कानूनी युद्ध’ को सही ठहराने के लिए कर रही है। बघाई ने अमेरिकी युद्ध सचिव पीट हेगसेथ के उस बयान की कड़ी निंदा की, जो उन्होंने 9/11 के एक स्मृति समारोह के दौरान दिया था। ईरानी प्रवक्ता ने अमेरिकी विदेश नीति के बुनियादी अंतर्विरोधों पर सवाल उठाते हुए आतंकवाद की परिभाषा तय करने के वाशिंगटन के ‘अकेले अधिकार’ को खारिज कर दिया।
दूसरी तरफ, अमेरिकी युद्ध सचिव पीट हेगसेथ ने अपने आक्रामक भाषण में ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई को अमेरिका के आतंकवाद-विरोधी अभियान से जोड़ा था। हेगसेथ ने दावा किया कि पिछले छह महीनों में अमेरिकी सैनिकों ने आतंकवाद के सबसे बड़े प्रायोजक को तहस-नहस कर दिया है। उन्होंने कहा कि अमेरिका ने ईरानी नेताओं को मार गिराया है, उनकी वायुसेना को तबाह किया है और उनकी नौसेना व तेल टैंकरों को समुद्र में डुबो दिया है। हेगसेथ ने जोर देकर कहा कि अमेरिका जलडमरूमध्य पर नियंत्रण रखता है, आर्थिक दबाव बढ़ा रहा है और ईरान को कभी परमाणु हथियार नहीं बनाने देगा। उन्होंने बाइबिल के वचनों और फ्लाइट 93 के यात्री टॉड बीमर के प्रसिद्ध शब्दों ‘लेट्स रोल’ का हवाला देते हुए इस लड़ाई को खत्म करने का संकल्प जताया।
गौरतलब है कि 11 सितंबर 2001 को अल-कायदा के 19 आतंकियों ने चार यात्री विमानों का अपहरण कर अमेरिका पर हमला किया था। दो विमान न्यूयॉर्क के वर्ल्ड ट्रेड सेंटर से टकराए, तीसरा विमान वर्जीनिया स्थित पेंटागन से टकराया और चौथा विमान यात्रियों के विरोध के बाद पेंसिल्वेनिया के शैंक्सविले में दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। अमेरिकी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, इस भीषण आतंकी हमले में 2,977 लोग मारे गए थे।





