असम विधानसभा चुनावों के बीच राजनीतिक पारा सातवें आसमान पर पहुंच गया है। कांग्रेस ने मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा पर तीन देशों के पासपोर्ट रखने का गंभीर आरोप लगाया। अब इस मामले में केंद्र सरकार की ओर से प्रतिक्रिया आई है। केंद्रीय विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा ने इन दावों को पूरी तरह फर्जी और मनगढ़ंत करार दिया है।
क्या है पूरा मामला?
पिछले दिनों कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने दावा किया था कि रिंकी भुइयां सरमा के पास संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), एंटीगुआ-बारबुडा और मिस्र के पासपोर्ट हैं। कांग्रेस का आरोप है कि मुख्यमंत्री ने अपने चुनावी हलफनामे में इन विदेशी पासपोर्टों और विदेश में संपत्ति की जानकारी छुपाई है।
नकली हैं सभी दस्तावेज- मार्गेरिटा
इन आरोपों को खारिज करते हुए विदेश राज्य मंत्री मार्गेरिटा ने कहा कि कांग्रेस की ओर से साझा किए गए दस्तावेज फर्जी हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने राज्य पार्टी प्रमुख गौरव गोगोई के साथ मिलकर मुख्यमंत्री की पत्नी के खिलाफ कुछ दस्तावेज, पासपोर्ट आदि दिखाए थे और कहा था कि ये पासपोर्ट तीन बाहरी देशों के हैं। उन्होंने आगे कहा कि मैं यह कहना चाहता हूं कि हमारे राजनयिक माध्यमों और जांच के जरिए हमें पता चला है कि ये दस्तावेज नकली और मनगढ़ंत हैं।
सीएम हिमंत ने क्या कहा?
मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने भी कहा कि जिस यूएई पासपोर्ट की कॉपी दिखाई जा रही है, उसका मूल स्रोत एक पाकिस्तानी सोशल मीडिया ग्रुप है। उन्होंने आरोप लगाया कि एआई और फोटोशॉप के जरिए उनकी पत्नी का नाम और फोटो उन फर्जी दस्तावेजों पर चिपकाया गया है। भाजपा नेताओं ने इन दस्तावेजों में कई तकनीकी खामियां भी गिनाई हैं। भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया है कि नाम की स्पेलिंग में गलती है। कई जगहों पर सरमा की जगह शरमा, अमान्य क्यूआर कोड और गलत पासपोर्ट नंबर आदि दर्ज किए गए हैं।
कानूनी कार्रवाई की तैयारी
इस बीच रिंकी भुइयां सरमा ने पवन खेड़ा के खिलाफ आपराधिक मानहानि का मामला दर्ज कराया है। भारतीय कानून के अनुसार, भारत में दोहरी नागरिकता की अनुमति नहीं है। इतना ही नहीं, असम पुलिस दिल्ली में खेड़ा के आवास पर पहुंची थी, लेकिन पवन खेड़ा नहीं मिले। इसके बाद असम के सीएम सरमा ने तंज कसते हुए कहा कि हम पाताल से भी ढूढ़ कर ले आएंगे।








