US-Israel-Iran War- रियाद में अमेरिकी दूतावास पर ड्रोन हमला, ट्रंप बोले- देंगे जवाब, पढ़ें अपडेट्स..

Spread the love

श्चिम एशिया में बीते कुछ दिनों से दहशत का माहौल है।  इस्राइल, अमेरिका और ईरान के बीच जारी सैन्य टकराव का आज (03 मार्च) चौथा दिन है। इस बीच तनाव और ज्यादा बढ़ता नजर आ रहा है। अमेरिका और इस्राइल की संयुक्त कार्रवाई के बाद ईरान के भी चुप नहीं है और ताबड़तोड़ पलटवार कर रहा है। सऊदी, कतर और कुवैत सहित कई अरब देशों में स्थित अमेरिकी ठिकानों पर ईरान बमबारी कर रहा है।

 

इधर, इस्राइल की सेना का तेहरान और बेरूत पर लगातार हमला जारी है। वहीं ईरान की ओर से भेजे गए दो ड्रोन रियाद स्थित अमेरिकी दूतावास के पास गिरे। फॉक्स न्यूज की रिपोर्ट में कहा गया है कि इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। ईरान ने कुवैत में अमेरिका के आरिफजान बेस पर हमला किया है।

ईरान से 4-5 हफ्ते चल सकती है जंग
व्हाइट हाउस में दिए बयान में अमेरिका राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि यह सैन्य अभियान 4 से 5 सप्ताह तक चल सकता है और जरूरत पड़ने पर इससे अधिक समय तक भी जारी रह सकता है। उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी सेना बड़े पैमाने पर सैन्य कार्रवाई कर रही है।

अमेरिका नागरिकों से तुरंत खाड़ी देश छोड़ने की अपील
इधर, अमेरिका विदेश विभाग ने अपने नागरिकों से गंभीर सुरक्षा जोखिमों के चलते खाड़ी देशों को तुरंत छोड़ने को कहा है। इन देशों में बहरीन, कुवैत, मिस्र, लेबनान, ईरान, ओमान, इराक, कतर, इस्राइल, वेस्ट बैंक और गाजा, सऊदी अरब, सीरिया, जॉर्डन, यूएई और यमन शामिल हैं

सऊदी अरब में नागरिकों को घर में रहने की चेतावनी
अमेरिकी अधिकारियों ने सऊदी अरब में रहने वाले अमेरिकी नागरिकों से तत्काल सुरक्षित स्थान पर रहने और रियाद स्थित अमेरिकी दूतावास से दूर रहने का आग्रह किया है। दूतावास पर दो ड्रोन हमले किए गए थे। अमेरिकी दूतावास ने सोशल मीडिया पर कहा कि जेद्दा, रियाद और ढाहरान में शरण लेने की चेतावनी जारी की गई है। साथ ही क्षेत्र में किसी भी सैन्य ठिकाने पर गैर-जरूरी यात्रा से बचने को कहा गया है। सऊदी अधिकारियों के अनुसार हमले में ‘सीमित आग’ लगी और मामूली नुकसान हुआ।

और पढ़े  भीषण हादसा-: जाम में रुकी थी बाइक, पीछे से आई कार और फिर.., रोंगटे खड़े कर देने वाला

दुबई में अमेरिकी ठिकानों पर ईरान का बड़ा हमला
ईरानी रिवॉल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने कहा कि उसकी नौसेना ने संयुक्त अरब अमीरात के दुबई में अमेरिकी बलों को निशाना बनाकर जटिल हमला किया। IRGC ने कुवैत के अरीफजान बेस पर भी ड्रोन हमले का दावा किया है।

रियाद में अमेरिकी दूतावास पर हमले का जवाब देंगे: ट्रंप
अमेरिका राष्ट्रपति ट्रंप ने रियाद में अमेरिकी दूतावास पर हमले पर प्रतिक्रया दी है। अमेरिका में न्यूजनेशन के एक पत्रकार से बातचीत के हवाले से अल जजीरा ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि जब उनसे पूछा गया कि अमेरिकी दूतावास पर हुए हमले की प्रतिक्रिया क्या होगी? तो उन्होंने साफ कहा कि आपको बहुत जल्द पता चल जाएगा। साथ ही कहा कि ईरान के क्षेत्र में जमीनी स्तर पर अमेरिकी सेना की तैनाती की आवश्यकता नहीं होगी।

कुवैत में अमेरिकी लड़ाकू विमान हादसा
इसी बीच कुवैत में तैनात अमेरिकी लड़ाकू विमानों से जुड़ा एक बड़ा हादसा सामने आया है। अमेरिकी रक्षा विभाग के अनुसार, कुवैत के एयर डिफेंस सिस्टम ने गलती से तीन अमेरिकी F-15E फाइटर जेट को दुश्मन विमान समझकर निशाना बना लिया। इस घटना में सभी पायलट सुरक्षित बताए जा रहे हैं।

ईरान में भारी तबाही का दावा
अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार अमेरिका और  इस्राइल द्वारा संयुक्त रूप से ईरान में एक हजार से अधिक ठिकानों पर हमले किए गए हैं। शुरुआती घंटों में हजारों बम गिराए जाने की जानकारी दी गई है। बताया जा रहा है कि शुरुआत के 30 घंटे में 2000 से ज्यादा बम गिराए गए हैं। वहीं अब तक 555 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 700 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। 28 फरवरी को शुरू हुई इस जंग के पहले दिन हुए हमले में ईरानी सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई मारे गए थे। इसी के साथ कई शीर्ष नेताओं को भी निशाना बनाया गया।

और पढ़े  Bank Fraud: 590 करोड़ की धोखाधड़ी कर ऐसे घुमाया पैसा, जांच एजेंसियां रह गई दंग

बेरूत में हिज्बुल्ला से जुड़े अल-मनार टीवी पर हमला 

बीते कुछ समय में दक्षिणी बेरूत के डाहीया इलाके में इस्राइली हमले हुए। इन हमलों में हिज्बुल्ला से जुड़ी स्थानीय टीवी चैनल अल-मनार के भवन को निशाना बनाया गया। हालांकि चैनल अब किसी अन्य जगह से प्रसारण कर रहा है। पिछले 24 घंटों में बेरूत, दक्षिणी लेबनान और पूर्वी बेका घाटी में कई हवाई हमले हुए। इन हमलों में कम से कम 52 लोग मारे गए, 154 घायल हुए और हजारों लोग विस्थापित हुए।

इस्राइली सेना ने दावा किया कि उन्होंने पहले हवाई हमले में फलस्तीनी इस्लामिक जिहाद संगठन के प्रमुख को मार गिराया है। साथ ही वरिष्ठ हिज्बुल्ला नेताओं और उनके खुफिया प्रमुख को भी निशाना बनाया गया, हालांकि हिज्बुल्ला ने इस दावे की पुष्टि नहीं की है। सैकड़ों लोग दक्षिणी लेबनान में फंसे हुए हैं और 30 गांवों के निवासियों को सुरक्षा के लिए तुरंत क्षेत्र छोड़ने का आदेश दिया गया है।


Spread the love
  • Related Posts

    पाकिस्तान की साजिश बेनकाब: सीमा पार से घुसपैठ की फिराक में जैश आतंकवादियों के दो गुट, बॉर्डर पर अलर्ट

    Spread the love

    Spread the loveपाकिस्तान जम्मू संभाग में जैश आतंकियों के दो गुटों की घुसपैठ कराने की फिराक में है। सुरक्षा एजेंसियों के इनपुट के बाद भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) पर अलर्ट…


    Spread the love

    चंद्र ग्रहण 2026 का समय: दिल्ली-नोएडा और गुरुग्राम में इतने बजे लगेगा ग्रहण, जानें अपने शहर का समय

    Spread the love

    Spread the love     आज  3 मार्च 2026 को साल का पहला चंद्र ग्रहण लग रहा है। यह ग्रहण भारत में पूर्ण रूप से प्रभावी रहेगा। मान्यता है कि,…


    Spread the love