भारतीय दल के लिए एशियन गेम्स में आज का दिन मिलाजुला रहा। भारत को गुरुवार को एक भी स्वर्ण पदक नहीं मिले, लेकिन पदक जीतने का सिलसिला जारी रहा। भारत के कुल पदकों की संख्या 60 के पार पहुंच गई। वहीं, पुरुष हॉकी और क्रिकेट टीम ने फाइनल में जगह बनाकर स्वर्ण की आस बांध दी है।
मानसी को मिली हार
भारतीय महिला पहलवान मानसी को 62 किग्रा भार वर्ग के कांस्य पदक मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा है। मानसी को मंगोलिया की अल्तजिन तोगतोख ने 5-2 से हराया और कांस्य पदक अपने नाम किया। अल्तजिन ने शुरुआत में 2-0 की बढ़त बनाई थी, लेकिन मानसी ने वापसी करते हुए स्कोर 2-2 कर दिया था। इसके बाद मंगोलियाई पहलवान ने जोरदार वापसी की और मैच अपने नाम कर लिया।

पुरुष स्क्वाश टीम ने जीता कांस्य
भारतीय पुरुष स्क्वाश टीम ने कांस्य पदक जीत लिया है। भारत को मलयेशिया के खिलाफ सेमीफाइनल में 1-2 से हार का सामना करना पड़ा। इस तरह टीम स्वर्ण पदक मुकाबले में नहीं पहुंच सकी और उन्हें कांस्य से संतोष करना पड़ा। इससे पहले, भारतीय महिला स्क्वाश टीम को भी कांस्य पदक मिला था।

नितेश ने जीता रजत पदक
भारतीय ग्रीको रोमन पहलवान नितेश सिवाच ने पुरुष 97 किग्रा भार वर्ग में रजत पदक जीता है। नितेश को फाइनल में जापान के युरी नाकाजातो से 0-4 से हार मिली और वह स्वर्ण पदक लाने से चूक गए। हालांकि, नितेश देश को रजत पदक दिलाने में सफल रहे।

नितेश का फाइनल जारी
पहलवान नितेश का ग्रीको रोमन 97 किग्रा का फाइनल मुकाबला जारी है। नितेश का फाइनल में युरी नाकाजातो से सामना हो रहा है। जापान के पहलवान फिलहाल आगे चल रहे हैं।
इनुंगनबी ताखेल्लामबाम कांस्य पदक से चूकीं
भारत की इनुंगनबी ताखेल्लामबाम एशियन गेम्स 2026 में महिला 70 किग्रा जूडो वर्ग के कांस्य पदक मुकाबले में हार गईं। उन्हें मंगोलिया की अनु उरान-उल्जीई ने मात दी। ताखेल्लामबाम ने रेपेचेज में वॉकओवर मिलने के बाद कांस्य पदक मुकाबले में जगह बनाई थी।

पुरुष हॉकी में भारत ने पाकिस्तान को 4-3 से हराया
भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने एशियन गेम्स के फाइनल में प्रवेश कर लिया है। भारत ने पाकिस्तान को 4-3 से हराकर लगातार दूसरी बार एशियाड के खिताबी मुकाबले में प्रवेश कर लिया है। भारत की पुरुष और महिला दोनों टीमें एशियन गेम्स के स्वर्ण पदक मुकाबले में पहुंची हैं। भारत पाकिस्तान के खिलाफ 3-0 से आगे चल रहा था, लेकिन पाकिस्तान ने तीसरे क्वार्टर से वापसी की और स्कोर बराबर कर दिया। अभिषेक ने हालांकि, मैच खत्म होने से 49 सेकेंड पहले मैदानी गोल दागकर भारत को बढ़त दिलाई जो अंत में निर्णायक साबित हुई।
जूडो में इनुंगनबी ताखेल्लामबम कांस्य पदक के मुकाबले में उतरेंगी
इनुंगनबी ताखेल्लामबम महिलाओं के 70 किग्रा वर्ग के कांस्य पदक मुकाबले में मंगोलिया की अनू उरान-उल्जी से भिड़ेंगी। इनुंगनबी को क्वार्टर फाइनल में उत्तर कोरिया की सोंग हुई मुन के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा था। इसके बाद उन्होंने रेपचेज मुकाबला वॉकओवर से जीतकर पदक के मुकाबले में जगह बनाई। इससे पहले भारतीय जुडोका ने राउंड ऑफ-16 में नेपाल की पुनम श्रेष्ठा को इप्पोन के जरिए हराया था।
स्क्वैश में भारत का सेमीफाइनल में मलयेशिया से मुकाबला
नागोया में एशियन गेम्स के पुरुष स्क्वैश सेमीफाइनल में भारत का सामना मलयेशिया से होगा। गत चैंपियन भारत ने कुवैत को हराकर अंतिम चार में जगह बनाई थी। वीर चोटरानी और अभय सिंह ने भारत के लिए जीत दर्ज की थी। दूसरी ओर, पाकिस्तान पहले ही फाइनल में पहुंच चुका है। उसने हॉन्गकॉन्ग को 2-1 से हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बनाई। अब पाकिस्तान फाइनल में भारत और मलयेशिया के बीच होने वाले सेमीफाइनल के विजेता का इंतजार करेगा।
भारतीय हॉकी टीम ने पहले क्वार्टर से बनाया दबाव
भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ पहले ही क्वार्टर से दबाव बनाना शुरू किया। हरमनप्रीत सिंह ने पेनल्टी पर गोल कर भारत को 1-0 से आगे कर दिया है। इससे पहले भारत को चार बार गोल करने के मौके मिले थे, लेकिन टीम इससे चूक रही थी। हालांकि, हरमनप्रीत ने पांचवें मिनट में मिले पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलने का मौका नहीं छोड़ा। इसके बाद दिलप्रीत ने भी गोल दागा, लेकिन रेफरी ने इसे अमान्य करार दिया। हरमनप्रीत ने इसके बाद 13वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर पर एक और गोल दागा और भारत को बढ़त को दोगुना कर दिया।
भारत ने श्रीलंका को 124 रन से हराया
भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम ने एशियाड के सेमीफाइनल में श्रीलंका को 124 रन से हरा दिया है। भारत ने 170 रन का लक्ष्य दिया था। जवाब में श्रीलंका की पूरी टीम 9.5 ओवर में 45 रन पर सिमट गई। अब तीन अक्तूबर को स्वर्ण पदक के लिए भारत का सामना साहिबजादा फरहान की कप्तानी वाली पाकिस्तान टीम से होगा। वहीं, श्रीलंका की टीम कांस्य पदक के लिए बांग्लादेश से भिड़ेगी। यह मुकाबला भी तीन अक्तूबर को ही खेला जाएगा। 124 रन से जीत भारत की श्रीलंका पर सबसे बड़ी जीत है। इससे पहले भारत की श्रीलंका पर रनों के अंतर से सबसे बड़ी जीत 93 रन की थी। भारत ने 2017 में कटक में श्रीलंका को 93 रन से हराया था।







