अयोध्या : समाजवादी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता व पूर्व मंत्री तेज नारायण पांडेय पवन ने प्रदेश की भाजपा सरकार को लिया आड़े हाथों ।

समाजवादी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता व पूर्व मंत्री तेज नारायण पांडेय पवन ने प्रदेश की भाजपा सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि जिले के डीएम एसएसपी व अन्य प्रशासनिक अधिकारी योगी सरकार के एजेन्ट के रूप में काम कर रहें है। उन्होंने बेयमनी गुंडई भाजपा का चाल चरित्र और चेहरा बताते हुए कहा कि पंचायत चुनाव में जिस तरह भाजपा को मुंह की खानी पड़ी है उससे प्रदेश सरकार बौखलाई हुई है और पंचायत अध्यक्ष पद की कुर्सी के लिए सरकारी अधिकारी को आगे कर गैर भाजपाइयों पर फर्जी मुकदमे का डर दिखाकर उन्हें चुनाव में भाग लेने से मना किया जा रहा है। जिसका ताजा उदाहरण गोरखपुर की घटना है जब सपा समर्थित प्रत्यासी जिला पंचायत अध्यक्ष पद का पर्चा दाखिल करने जा रहा था उसी समय भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा सपाइयों पर हमला किया गया।
इसी तरह अयोध्या में बन रहे अंतरराष्ट्रीय श्रीराम एयरपोर्ट के लिए सरकार ने धरमपुर सहादत, गंजा व कुटिया के किसानों की जमीन का उचित मूल्य न मिलने को लेकर जब यहां के किसानो ने न्यायालय का सहारा लिया तो जिला प्रशासन की तरफ से किसानों के परिजनों पर फर्जी मुकदमा लाद कर जमीन लिखाने का दबाव बना रही है। ऐसा न करने पर धरमपुर के दो लोगों पर मुकदमा दर्ज भी करा दिया गया है यहीं नहीं इसी गांव के एक युवक जो सरकारी सेवा में था उसे बर्खास्त भी कर दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार का एजेन्ट बने इन अधिकारियों को शायद यह नहीं मालूम कि प्रदेश सरकार के कुल 6 माह ही बाकी है ऐसे न हो कि इसके बाद आने वाली सपा सरकार में इन अधिकारियों को इसकी सजा भुगतना पड़े। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी किसानों के हर सुख दुख में उनके साथ थी और हमेशा रहेगी।

और पढ़े  दामाद के साथ रहने की जिद पर अड़ी सास, पुलिस-थाना-पंचायत के बाद भी न मानी
  • Related Posts

    स्कूल वाहनों की सुरक्षा पर HC सख्त:- DM और मुख्य सचिव को दिया ये आदेश, एक माह में मांगी अनुपालन रिपोर्ट

    हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने प्रदेश के स्कूलों में बच्चों की परिवहन सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण निर्देश दिए हैं। न्यायालय ने मुख्य सचिव को जिला स्कूल वाहन सुरक्षा…

    UP में जमीन से बेदखल होने के डर में किसान,जमीन से बेदखल होने के भय में तराई के किसान, पीढ़ियों से खेती कर रहे सिखों का…

    उत्तराखंड बॉर्डर से लखीमपुर खीरी तक फैले तराई के विशाल कृषि क्षेत्र में इन दिनों गहरी बेचैनी है। देश का बंटवारा, 84 के दंगे और आतंकवाद का दौर सह चुके…